View Hymn (Bhajan)

Hymn No. 3246 | Date: 14-Feb-19991999-02-14कभी फरियाद भी उन्हें याद करने का अच्छा बहाना बन जाता हैhttps://mydivinelove.org/bhajan/default.aspx?title=kabhi-phariyada-bhi-unhem-yada-karane-ka-achchha-bahana-bana-jata-haiकभी फरियाद भी उन्हें याद करने का अच्छा बहाना बन जाता है,

शुरु-शुरु में कभी याद की शुरूआत ऐसे ही हो जाती है।

पर फरियाद के जोर पर जो याद टीके, तो उसे याद ना कहते है,

उठे ऐसी यादें दिल में तो उनमें वह नशा नही होता है ।

नही होती है मस्ती उस याद में, जिस याद में मोहब्बत ना होती है,

होती है जहाँ सिर्फ मोहब्बत वहाँ फरियाद ना रहती है ।

प्यार से करे याद अगर दिल को तो असर दिलपर उसकी होती है,

प्यार भरी यादें तो दुआ बनकर संग हमारे रहती है ।

पर याद-याद में भी तो बहुत फर्क होता है,

कोई याद भूला दे खुद को, तो कोई याद अस्तित्व जगा देती है,

पर नही रूकती ये यादें तो आती ही रहती है ।

कभी फरियाद भी उन्हें याद करने का अच्छा बहाना बन जाता है

View Original
Increase Font Decrease Font

 
कभी फरियाद भी उन्हें याद करने का अच्छा बहाना बन जाता है,

शुरु-शुरु में कभी याद की शुरूआत ऐसे ही हो जाती है।

पर फरियाद के जोर पर जो याद टीके, तो उसे याद ना कहते है,

उठे ऐसी यादें दिल में तो उनमें वह नशा नही होता है ।

नही होती है मस्ती उस याद में, जिस याद में मोहब्बत ना होती है,

होती है जहाँ सिर्फ मोहब्बत वहाँ फरियाद ना रहती है ।

प्यार से करे याद अगर दिल को तो असर दिलपर उसकी होती है,

प्यार भरी यादें तो दुआ बनकर संग हमारे रहती है ।

पर याद-याद में भी तो बहुत फर्क होता है,

कोई याद भूला दे खुद को, तो कोई याद अस्तित्व जगा देती है,

पर नही रूकती ये यादें तो आती ही रहती है ।



- संत श्री अल्पा माँ
Lyrics in English


kabhī phariyāda bhī unhēṁ yāda karanē kā acchā bahānā bana jātā hai,

śuru-śuru mēṁ kabhī yāda kī śurūāta aisē hī hō jātī hai।

para phariyāda kē jōra para jō yāda ṭīkē, tō usē yāda nā kahatē hai,

uṭhē aisī yādēṁ dila mēṁ tō unamēṁ vaha naśā nahī hōtā hai ।

nahī hōtī hai mastī usa yāda mēṁ, jisa yāda mēṁ mōhabbata nā hōtī hai,

hōtī hai jahām̐ sirpha mōhabbata vahām̐ phariyāda nā rahatī hai ।

pyāra sē karē yāda agara dila kō tō asara dilapara usakī hōtī hai,

pyāra bharī yādēṁ tō duā banakara saṁga hamārē rahatī hai ।

para yāda-yāda mēṁ bhī tō bahuta pharka hōtā hai,

kōī yāda bhūlā dē khuda kō, tō kōī yāda astitva jagā dētī hai,

para nahī rūkatī yē yādēṁ tō ātī hī rahatī hai ।